करी पत्ता को बड़े गमले में शिफ्ट कैसे करें? आसान तरीका, 'ट्रांसप्लांट शॉक' से बचाने के दिए टिप्स

 

करी पत्ता हर भारतीय रसोई की शान है, लेकिन कई बार पौधा बड़े गमले में लगाने के बाद सूखने लगता है या उसकी ग्रोथ रुक जाती है। इसे 'ट्रांसप्लांट शॉक' कहा जाता है। गार्डनिंग एक्सपर्ट ने इस समस्या का एक बहुत ही सरल समाधान बताया है।

right way to repot curry leaves plant

करी पत्ता न केवल खाने का स्वाद बढ़ाता है, बल्कि औषधीय गुणों से भी भरपूर होता है। लेकिन जब इसे छोटे गमले से बड़े गमले में शिफ्ट करते हैं, तो पौधा मुरझाने लगता है या पूरी तरह सूख जाता है। बागवानी की भाषा में इसे 'ट्रांसप्लांट शॉक' कहते हैं। अगर आपके साथ भी ऐसा होता है, तो घबराएं नहीं। गार्डनिंग एक्सपर्ट ने करी पत्ता को रिपॉट करने का सही तरीका बताया है।


इस तरीके से पौधा शिफ्ट होने के बाद भी हरा-भरा बना रहेगा। इसमें मिट्टी के सही चुनाव से लेकर जड़ों की छंटाई तक कई बारीकियां शामिल हैं। यहां सबसे जरूरी एक खास चीज का इस्तेमाल है, जो जड़ों को नई मिट्टी में मजबूती से जमने में मदद करती है। कुछ जरूरी टिप्स से आप करी पत्ता को शॉक से बचा सकते हैं और उसकी ग्रोथ को दोगुना कर सकते हैं।

रिपॉटिंग से पहले की तैयारी

रिपॉटिंग से पहले की तैयारी

जब भी आप करी पत्ता को छोटे गमले से बड़े गमले में शिफ्ट करना चाहें, तो सबसे पहले सही आकार के गमले का चुनाव करें। पुराने गमले से सिर्फ 2 से 3 इंच बड़ा गमला ही लें। सबसे जरूरी बात यह है कि रिपॉटिंग करने के 2 दिन पहले से पौधे में पानी देना बंद कर दें। सूखी मिट्टी होने के कारण जड़ें गमले की दीवारों को छोड़ देती हैं, जिससे पौधा बिना किसी नुकसान के आराम से बाहर निकल आता है।

पौधे को बाहर निकालने का सही तरीका

पौधे को बाहर निकालने का सही तरीका

पौधे को जबरदस्ती खींचने के बजाय तकनीक का इस्तेमाल करें। अपना एक हाथ गमले की मिट्टी पर रखें, पौधे की स्टेम उंगलियों के बीच रहे और दूसरे हाथ से गमले को नीचे से पकड़ें। अब गमले को नीचे की ओर और पौधे को ऊपर की ओर हल्के से खींचें। इस तरह से पूरा रूट बॉल सुरक्षित बाहर आ जाएगा।

बड़े गमले में लगाना है आसान

बड़े गमले में लगाना है आसान

अगर आप पौधे को बड़े गमले में लगाना चाहते हैं तो ज्यादा मेहनत करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। बस बड़ा गमला और अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी लें। इसके बाद पौधे को बड़े गमले में रखें और मिट्टी को दबाते हुए भर दें। और पौधे को छाया वाली जगह पर रखें। इसके बाद 2 से 3 दिन बाद पानी दें। लेकिन अगर उसी गमले में लगाना है तो जड़ों की थोड़ी छंटाई करनी होगी।

रूट बॉल की सावधानी से कटाई

रूट बॉल की सावधानी से कटाई

अगर आप पौधे को उसी पुराने गमले में वापस लगा रहे हैं, तो जड़ों को कम करना जरूरी है। एक ब्लेड को अच्छी तरह सैनिटाइज करें। पौधे को लिटाकर नीचे से लगभग एक इंच जड़ें काट दें। इसके बाद पौधे को सीधा करके चारों तरफ से भी आधा-आधा इंच जड़ें छांट दें। इससे जड़ों को फैलने के लिए नई जगह मिलेगी और पौधा फिर से जवान हो जाएगा।

मिट्टी का खास पावर मिक्स

मिट्टी का खास  पावर मिक्स

पुरानी मिट्टी को ही दोबारा इस्तेमाल न करें। मिट्टी को छानकर पुरानी जड़ें निकाल दें। अब इसमें 10% खाद, 2 मुट्ठी नीम खली और 2 चम्मच प्रोम फर्टिलाइजर मिलाएं। नीम खली जड़ों को फंगस से बचाती है और प्रोम फर्टिलाइजर पौधे को जरूरी पोषण देता है। गमले के ड्रेनेज होल पर एक दिया या पत्थर का टुकड़ा रखें ताकि पानी आसानी से निकल सके और मिट्टी न बहे।

सही तरीके से रोपण और छाया

सही तरीके से रोपण और छाया

गमले में थोड़ा सॉइल मिक्स भरें, फिर पौधे को बीच में सीधा रखें। अब आसपास से मिट्टी भरकर उसे हाथों से अच्छी तरह दबा दें ताकि हवा के बुलबुले न रहें। रिपॉटिंग के तुरंत बाद पौधे को सीधी धूप में न रखें। इसे कम से कम एक हफ्ते के लिए छाया वाली जगह पर रखें। 2 से 3 दिन बाद ही पहली बार पानी दें ताकि जड़ें नई मिट्टी में सैटल हो सकें।

करी प्लांट शिफ्ट करने का तरीका

ट्रांसप्लांट शॉक से बचाने वाली खास चीज

ट्रांसप्लांट शॉक से बचाने वाली खास चीज

जड़ों के साथ छेड़छाड़ होने पर पौधा अक्सर शॉक में चला जाता है। इसे बचाने के लिए एक्सपर्ट ने एक खास चीज बताई है जो ह्यूमिक एसिड है। पानी में बस एक चुटकी ह्यूमिक एसिड घोलकर पौधे में डालें। यह जड़ों को नई मिट्टी पकड़ने में मदद करता है और ट्रांसप्लांट शॉक के खतरे को खत्म कर देता है। इसके इस्तेमाल से पौधा मुरझाता नहीं है और तुरंत नई पत्तियां निकालना शुरू कर देता है।

Comments